प्रेम कुमार धूमल का नाम अभी भी मुख्यमंत्री पद की रेस में बरकरार, समर्थन में आगे आये कई विधायक, अब अंतिम फैसला दिल्ली दरबार में....

20 Dec 2017
468 times

आवाज़(मुकेश शर्मा, दिल्ली): बीजेपी ने हिमाचल प्रदेश का किला तो फतह कर लिया लेकिन बीजेपी के कमांडर प्रेम कुमार धूमल चुनाव हार गये. जिसके बाद ये कयास लगाये जाने लगे कि अब शायद हिमाचल प्रदेश की राजनीति से धूमल का राजनीतिक सूर्यास्त हो गया. जिस तरह से पार्टी आलाकमान ने हिमाचल के 3 सीनियर बीजेपी नेताओं को तलब किया उसके बाद इन अफवाहों को और बल मिला. लगने लगा कि धूमल का राजनीतिक जीवन का अंत अब लगभग हो ही गया है. सीएम पद की रेस से वो पूरी तरह से बाहर हो गये हैं और अब हिमाचल में बीजेपी में अब नई लीडरशिप देखने को मिलेगी.

लेकिन सूत्रों के हवाले से खबर आ रही है कि धूमल अभी भी सीएम पद की रेस में सबसे आगे चल रहे हैं. उनके पक्ष में विधायकों का जमावड़ा होने लगा है. सूत्रों की मानें तो 44 में से 26 विधायक या तो खुलकर प्रेम कुमार धूमल के समर्थन में आ गये हैं या फिर उन्होंने फोने करके प्रेम कुमार धूमल के प्रति अपनी आस्था जताई है. जिसके बाद हिमाचल प्रदेश के राजनीतिक समीकरण एक बार फिर से बदलते हुए नज़र आ रहे हैं.

गौरतलब है कि प्रेम कुमार धूमल के चुनाव हारने के बाद कुटलैहड़ से बीजेपी विधायक वीरेंद्र कंवर सबसे पहले धूमल के पक्ष में आ खड़े हुए थे और उन्होंने धूमल के लिए अपनी सीट खाली करने का ऐलान कर दिया था. अब उनके बाद सरकाघाट विधानसभा से बीजेपी विधायक कर्नल इंद्र सिंह ठाकुर जो पिछले 3 बार से लगातार यहाँ से चुन कर आ रहे हैं धूमल के समर्थन में खुलकर सामने आ गये हैं. उन्होंने धूमल को अपना राजनीतिक पिता बताते हुए उनके लिए अपनी सीट छोड़ने का ऐलान कर दिया है. सूत्रों के मानें तो कर्नल इंद्र सिंह ठाकुर के अलावा बीजेपी के सीनियर लीडर नरेंद्र बरागटा के अलावा प्रदेश में कई ऐसे विधायक हैं जो धूमल को अपना समर्थन दे सकते हैं.

वहीँ केन्द्रीय नेत्रित्व भी इस बात पर गंभीरता से विचार कर रहा है कि आखिर किसे हिमाचल प्रदेश की कमान सौंपी जाए. सूत्रों के मुताबिक आज दोपहर बाद दिल्ली में पार्टी अध्यक्ष अमित शाह ने स्वयं इस मसले पर प्रदेश प्रभारी मंगल पांडे से चर्चा की. जिसमे हमीरपुर से सांसद और धूमल के सुपुत्र अनुराग ठाकुर भी मौजूद रहे. हालांकि इस मुद्दे पर कोई भी कुछ भी कहने से बच रहा है लेकिन इतना जरुर है कि धूमल वाकायदा मुख्यमंत्री पद की दौड़ में अभी भी कायम हैं.

तमाम उहापोह की स्थिति के बीच कल शिमला में विधायक दल की बैठक होने जा रही है. बैठक में पार्टी पर्यवेक्षक केंद्रीय मंत्री निर्मला सीतारमण व नरेंद्र तोमर सब विधायकों की राय जानेंगे और उसके बाद इस मुद्दे पर वो पार्टी हाई कमान को अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे. ऐसे में अगर धूमल के समर्थन में ज्यादा विधायक आते हैं तो फिर हाई कमान प्रेम कुमार धूमल के नाम पर अपनी सहमति जाता सकता है. अब होता क्या है इस वाकई देखने वाली बात है. फिलहाल हर घंटे राजनीतिक समीकरण बनते-बिगड़ते नज़र आ रहे हैं.

Rate this item
(0 votes)